28 नवंबर मेरे लिए एक ऐसा दिन है जहाँ ज़िंदगी के सारे इशारे, सारे संयोग, सारी कहानी एक ही जगह आकर ठहर जाती है। एक तरफ़ गुरु तेग बहादुर शहीदी दिवस जो त्याग, साहस और प्रेम की वो गवाही जिसने इतिहास को रोशन किया। और इसी दिन रिलीज़ हो रही “तेरे इश्क़ में” जुनून, आग, दर्द और मोहब्बत का पूरा तूफ़ान।
और फिर… इसी दिन उसका जन्मदिन, वह शख़्स जिसने मेरे जीवन के कठिन पड़ाव को शांत किया, मेरी भावनाओं को दिशा दी और मुझे खुद के बेहतर रूप से मिलवाया। यह सब एक साथ होना कोई इत्तेफ़ाक़ नहीं लगता, बल्कि ऊपर वाले की लिखी हुई एक गहरी पटकथा लगता है। जैसे मेरी पूरी ज़िंदगी की सारी सबसे खूबसूरत चीज़ों को उसने एक ही तारीख़ पर रख दिया हो, ताकि मैं समझ सकूँ कि कुछ दिन किस्मत नहीं चुनती, किस्मत खुद उन्हें पवित्र बना देती है।
अब 28 नवंबर सिर्फ़ एक दिन नहीं, यह मेरी ज़िंदगी का सबसे महत्वपूर्ण अध्याय है, जहाँ इतिहास भी है, इश्क़ भी है, और वह भी… जिसने मेरे हर अच्छे कल को जन्म दिया। जिसे मै तहे दिल से धन्यवाद देना चाहता हूँ- मेरी प्यारी दोस्त💐
Rukhani

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